इस तारीख को इस साल में बाबरी मस्जिद मे कथित रूप से प्रकट हुई थी, जबकि हकीकत कुछ और ही थी,मूर्ति रखवाई गई थी!
विशेष संवाददाता
रामलला की नई मूर्ति पर एक नजर कुछ सवाल
आमतौर से चर्चा ये है कि दिनांक 22 नवंबर 1949 को बाबरी मस्जिद में रामलला की मूर्ति कथित तौर पर प्रकट हुई थी, हालांकि मूर्ति रखवाई गई थी। पर यह चर्चा का विषय नहीं है ,अब उसके बाद 1992 तक वह मूर्ति मस्जिद में ही रही, अब 6 दिसंबर 1992 को बाबरी मस्जिद को शहीद किया गया। और पूरी तरह से उस का विध्वंस हुवा, उसी दिन 22 नवंबर 1949 को प्रकट हुई मूर्ति को एक अस्थाई मंदिर में स्थापित कर दिया गया।
उस समय से लेकर 25 मार्च 2020 तक राम लला की उसी मूर्ति की पूजा अर्चना होती रही और बीजेपी यही प्रचार करती रही कि राम लला टेंट में हैं। खास कर उनको भव्य मंदिर में ले जाना है,मतलब राम मंदिर बनाना है,अब 22 जनवरी को राम लला की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा हो रही है,तो
अब सवाल कुछ ऐसे जो लाज़मी है
1 – 51 इंच की राम लला की एक नई मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा इस महीने 22 जनवरी को होनी है,ऐसे में सवाल यह है कि राम लला की जो मूर्ति 22 नवंबर 1949 को प्रकट हुई थी, उस मूर्ति को ही भव्य राम मंदिर में स्थापित क्यों नही किया जा रहा है? जबकि वह मूर्ति तो खुद प्रकट हुई है और 1949 से अब तक उसी की पूजा होती रही है, ऐसे में नई मूर्ति की क्या जरूरत पड़ गई?
2 – योगी आदित्यनाथ ने 22 मार्च को खुद प्रकट हुई राम लला की मूर्ति को टेंट से कहां रखा है,और क्या उस मूर्ति की आज भी पूजा हो रही है?,अगर हो रही है तो क्या अयोध्या में दो राम मंदिर बनेंगे?,पहला जिसमे असली राम लला विराजमान होंगे और दूसरा वह मंदिर जिसका उद्घाटन 22 जनवरी को होने जा रहा है?
3. मंदिर में किसी भी मूर्ति की पूजा तब तक नही होती है जब तक उसकी प्राण प्रतिष्ठा न की जाए,तो सवाल यह है कि 22 नवंबर 1949 को जो मूर्ति प्रकट हुई थी उसकी प्राण प्रतिष्ठा कब हुई?
और अगर खुद प्रकट हुई मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा नही होती है तो फिर उसी प्रकट हुई मूर्ति को नए मंदिर में क्यों नही रखा जा रहा? 22 नवंबर 1949 को प्रकट हुई मूर्ति का अब क्या उपयोग होगा, आखिर असली मूर्ति तो वही है!
अब आखिरी सवाल – जब नई मूर्ति को ही मंदिर में स्थापित करना है तो टेंट से भव्य मंदिर में कौन से राम लला जायेगें? ,क्योंकि जो राम लला टेंट में हैं उनका तो हमे अता पता ही नही है
बाकी आप भी सोचिए और अपने तरफ से सवाल जोड़िए,
इस पोस्ट को फेसबुक और व्हाट्सएप समेत तमाम सोशल मीडिया पर पोस्ट कीजिए और बीजेपी से सवाल कीजिए कि असली राम लला की मूर्ति आखिर कहां है, क्या खुद ब खुद गायब हो गई है?
संवाद; पिनाकी मोरे