बैरिस्टर असदुद्दीन ओवैसी ने मोदी सरकार को चेतावनी में कहा कि फिर से N.R.C., C.A.Aतथा N P R कानून वापस ले वर्ना उत्तर प्रदेश को शाहीन बाग बना देंगे

उत्तर प्रदेश

संवाददाता

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव को लेकर सभी राजनीतिक पार्टियां मैदान में उतर चुकी हैं।
लिहाजा बाराबंकी में ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहाद ए मुस्लिमीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि अगर भाजपा सरकार एनपीआर (NPR) और एनसीआर (NRC)कानून बनाएगी तो हम यहीं पर शाहीनबाग बना देंगे।
इतना ही नहीं ओवैसी ने पीएम नरेंद्र मोदी से कृषि कानून रद्द किए जाने की तरह ही सीएए को भी वापस लेने की मांग की।
असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री को लेकर कहा, हाय नरेंद्र जी, क्या एक्टिंग करते हो आप! मोदी ग़लती से राजनीति में आ गए और बॉलीवुड एक्टर्स बच गए. अगर वो बॉलीवुड में होते, तो बेस्ट एक्टर के सारे पुरस्कार उन्हें ही मिलते।
हाय नरेंद्र जी, क्या एक्टिंग करते हो आप! मोदी ग़लती से राजनीति में आ गए और बॉलीवुड एक्ट्रेस बच गए।
अगर वो बॉलीवुड में होते तो बेस्ट एक्टर के सारे पुरस्कार उन्हें ही मिलते।
असदुद्दीन ओवैसी ने कृषि कानूनों को लेकर कहा कि प्रधानमंत्री मोदी अचानक से आए और उन्होंने कहा कि हमारी तपस्या में कोई कमी रह गई थी।
ओवैसी ने कहा कि तपस्या तो उन किसानों की थी जिन्होंने 1 साल तक संघर्ष किया. किसी भी सूरत में उन्होंने अपनी जमीन नहीं छोड़ी।
केंद्र सरकार ने पिछले दिनों कृषि कानूनों को लेकर अपने कदम वापस खींच लिए थे।
सरकार के इस फैसले के बाद अब नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को भी वापस लेने की मांग जोर पकड़ने लगी है।.
अब ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने भी सीएए (CAA) को वापस लेने की मांग की है ।
गौर तलब है कि ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का दो दिन का अधिवेशन उत्तर प्रदेश के कानपुर में आयोजित हुआ जिसमें सीएए को वापस लेने की मांग समेत 11 प्रस्ताव पारित किए गए।
बोर्ड के प्रवक्ता कासिम रसूल इलियासी ने कहा कि हमारी ये मांग है कि सीएए का कानून भी वापस लिया जाना चाहिए।
उन्होंने बताया कि बोर्ड के दो दिवसीय अधिवेशन में पारित 11 प्रस्ताव में कॉमन सिविल कोड का विरोध भी शामिल है।
बोर्ड के अधिवेशन में पैगंबर साहब को लेकर पिछले कुछ साल में हुई टिप्पणियों पर नाराजगी जताते हुए किसी भी धर्म का अपमान न हो, इसके लिए कानून बनाने की मांग का प्रस्ताव पारित किया गया।
कॉमन सिविल कोड को लेकर चल रही प्रक्रिया को लेकर भी प्रस्ताव पारित हुआ जिसमें सभी धर्म के लिए संवैधानिक अधिकार का जिक्र करते हुए इसे न मानने की बात कही गई है।

साभार:
मोहमद दादासाहब पटेल

SHARE THIS

RELATED ARTICLES

LEAVE COMMENT

एडमिन ब्रिटेन वह पहला देश है जिसने ‘मोल्नुपिराविर’ से कोरोना के उपचार को उपयुक्त माना है।  हालांकि अभी स्पष्ट नहीं है कि यह गोली कितनी जल्द उपलब्ध...

READ MORE

खाद्य पदार्थों की कमियों की वजह बनी अफगानिस्तान में भुखमरी जाने पूरी खबर?

November 3, 2021 . by admin

एडमिन अमरीका से तनातनी के बीच तालेबान ने डाॅलर को किया प्रतबंधित तालेबान ने अफ़ग़ानिस्तान में अमरीकी डाॅलर के प्रयोग न करने का आदेश जारी...

READ MORE

क्या अब रूस से S–400 डिफेन्स सिस्टम मिलते ही लगेगा भारत पर प्रतिबंध?

October 7, 2021 . by admin

एडमिन अमेरिका के साथ गहराते रिश्‍ते के बीच बाइडन प्रशासन ने एक बार फिर से भारत को रूसी रक्षा प्रणाली एस-400 को लेकर कड़ी चेतावनी...

READ MORE

TWEETS